नाहन : सिरमौर जिले के प्रसिद्ध धार्मिक तीर्थस्थल चूड़धार में प्रशासन द्वारा लगाई गई पाबंदी और खराब मौसम की चेतावनियों को दरकिनार करना एक श्रद्धालु के लिए भारी पड़ गया। चंडीगढ़ निवासी 34 वर्षीय सतीश कुमार सोमवार सुबह करीब 7:00 बजे अकेले ही बर्फबारी के बीच चूड़धार की कठिन चढ़ाई पर निकल पड़ा। हालांकि, रास्ते में ‘तीसरी’ नामक स्थान पर पहुंचते ही वह भारी बर्फ और बिगड़ते मौसम के कारण फंस गया और घबराहट में पुलिस से मदद की गुहार लगाई।
युवक द्वारा 100 नंबर पर सूचना दिए जाने के बाद प्रशासन तुरंत हरकत में आया। तहसीलदार नौहराधार विनोद कुमार ने पुलिस और राजस्व विभाग की संयुक्त टीम को रेस्क्यू के लिए रवाना किया। भारी बर्फबारी के बीच रेस्क्यू टीम ने कड़ी मशक्कत के बाद दोपहर करीब 3:00 बजे सतीश कुमार को ‘तीसरी’ नामक स्थान से ढूंढ निकाला। इसके बाद शाम करीब 6:00 बजे उसे सुरक्षित नौहराधार लाया गया। पुलिस द्वारा युवक का मेडिकल परीक्षण करवाया गया, जिसमें वह पूरी तरह स्वस्थ पाया गया है। प्रशासन ने इस घटना की जानकारी युवक के परिजनों को दे दी है।

गौरतलब है कि चूड़धार की ऊंची पहाड़ियों पर पिछले रविवार को भी ताजा बर्फबारी हुई है, जिससे पूरा क्षेत्र बर्फ की मोटी चादर से ढका हुआ है। प्रशासन ने सुरक्षा के मद्देनजर दिसंबर माह से लेकर अप्रैल माह तक चूड़धार की यात्रा पर पूरी तरह रोक लगा रखी है। बर्फबारी के कारण रास्ते बेहद फिसलन भरे और खतरनाक हो जाते हैं, जिससे जान का जोखिम बना रहता है।
जानकारी के अनुसार, रेस्क्यू किए गए युवक के खिलाफ कोई कानूनी मामला (Case) दर्ज नहीं किया गया है। प्रशासन और पुलिस का मानना है कि युवक अनजाने में इस रास्ते पर निकल पड़ा था और उसे इस बात की जानकारी नहीं थी कि दिसंबर से अप्रैल तक चूड़धार की यात्रा पर पूर्णतः प्रतिबंध रहता है।
ऐसी स्थिति में, जहाँ व्यक्ति को नियमों की जानकारी न हो और वह अनजाने में खतरे में पड़ जाए, पुलिस ने मानवीय आधार पर उसे केवल सख्त हिदायत देकर छोड़ दिया है। प्रशासन का मुख्य उद्देश्य युवक की जान बचाना था, जिसे सफलतापूर्वक पूरा कर लिया गया है। हालांकि, पुलिस ने एक बार फिर स्पष्ट किया है कि भविष्य में प्रतिबंध के बावजूद यात्रा करने वालों पर सख्त कार्रवाई की जा सकती है।