नाहन: हिमाचल प्रदेश के नाहन शहर में दो मोहल्लों के बीच पिछले दो दिनों से चल रहा तनाव रविवार सुबह खत्म हो गया। वाल्मीकि नगर और मोहल्ला गोविंदगढ़ के लोगों ने आपसी बातचीत के बाद तय किया है कि वाल्मीकि जयंती की शोभायात्रा अपने पुराने और पारंपरिक रास्ते से ही निकाली जाएगी।
रविवार सुबह करीब साढ़े नौ बजे पुलिस अधीक्षक कार्यालय में दोनों पक्षों की एक बैठक हुई। नाहन के विधायक अजय सोलंकी की पहल पर बुलाई गई इस बैठक में दोनों समुदायों के लोगों ने पुरानी कड़वाहट भुलाकर एक साथ मिलकर त्योहार मनाने पर सहमति जताई। शोभायात्रा रविवार दोपहर बाद निकाली जानी है।

इससे पहले शनिवार को सुरक्षा कारणों का हवाला देते हुए जिला प्रशासन ने शोभायात्रा का रास्ता बदलने का फैसला किया था। शुक्रवार को हुई पत्थरबाजी की घटना के बाद प्रशासन किसी तरह का जोखिम नहीं लेना चाहता था। लेकिन मोहल्ला गोविंदगढ़ के लोग भी चाहते थे कि शहर की पुरानी परंपरा न टूटे और भाईचारा बना रहे। इसके बाद रविवार सुबह दोबारा बातचीत की गई, जिसमें पुराने रूट पर ही सहमति बन गई।
सिख युवाओं ने बढ़ाया मदद का हाथ
इस समझौते के दौरान एक और अच्छी पहल देखने को मिली। सिख समुदाय के कुछ युवाओं ने प्रस्ताव रखा है कि झड़प के दौरान वाल्मीकि चौक पर जो भी टूट-फूट हुई है, उसकी मरम्मत वे खुद करवाएंगे। युवाओं के इस कदम की शहर में काफी सराहना हो रही है और इसे दोनों पक्षों के बीच भरोसा बहाल करने की दिशा में एक बड़ी पहल माना जा रहा है।
किस बात पर शुरू हुआ था विवाद?
यह पूरा विवाद 23 अक्टूबर को सिरमौर जिला मुख्यालय नाहन के महर्षि वाल्मीकि चौक पर एक स्वागत द्वार लगाने को लेकर शुरू हुआ था। मोहल्ला गोविंदगढ़ की तरफ से मुख्य सड़क पर गेट लगाया जा रहा था, जिस पर वाल्मीकि बस्ती के लोगों ने आपत्ति जताई।
देखते ही देखते कहासुनी बढ़ गई और दोनों पक्षों के बीच पथराव शुरू हो गया। इस झड़प में पुलिसकर्मियों समेत कई लोग घायल हो गए थे। कई गाड़ियों के शीशे टूट गए और नेशनल हाईवे पर भी कुछ देर के लिए ट्रैफिक रुक गया था।
पुलिस ने इस मामले में भारतीय न्याय संहिता की अलग-अलग धाराओं और सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के कानून के तहत केस दर्ज किया है। 24 अक्टूबर को प्रशासन और विधायक अजय सोलंकी ने दोनों समुदायों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की थी, जिसका असर रविवार सुबह देखने को मिला।