सराहां: मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंदर सिंह सुक्खू ने शनिवार को सिरमौर जिला के पच्छाद विधानसभा क्षेत्र के सराहां में एक विशाल जनसभा को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने जहां क्षेत्र के विकास के लिए कई बड़ी घोषणाएं कीं, वहीं विपक्ष (बीजेपी) पर अब तक का सबसे तीखा हमला बोला। मुख्यमंत्री ने ऐलान किया कि सरकार दूध की तरह अब अदरक (Ginger) पर भी न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) देगी, जिससे सिरमौर के किसानों को बड़ा फायदा होगा।

मुख्यमंत्री ने पच्छाद के लोगों की मांगें पूरी करते हुए सराहां अस्पताल में एक साल के भीतर विशेषज्ञ डॉक्टर की तैनाती होगी और अल्ट्रासाउंड मशीन स्थापित की जाएगी। CM ने कहा कि सराहां में सीबीएसई (CBSE) स्कूल खोला जाएगा। सराहां-चंडीगढ़ सड़क मार्ग को डबल लेन किया जाएगा। दूध के साथ-साथ अदरक पर भी एमएसपी मिलेगी।
बीजेपी पर वार: खैरात नहीं, हक मांग रहे हैं
सीएम सुक्खू ने केंद्र द्वारा राजस्व घाटा अनुदान (RDG) रोकने के मुद्दे पर बीजेपी को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि डॉ. वाईएस परमार के समय से हिमाचल को यह अनुदान मिलता आ रहा है, लेकिन 16वें वित्तायोग ने 77 साल पुरानी व्यवस्था खत्म कर दी। यह खैरात नहीं, हिमाचल के लोगों का हक है। उन्होंने बीजेपी नेताओं को चुनौती देते हुए कहा कि अगर वे सच में प्रदेश के हितैषी हैं, तो प्रधानमंत्री के पास जाएं और 10 हजार करोड़ की इस कटौती को वापस करवाएं। उन्होंने सर्वदलीय बैठक का जिक्र करते हुए कहा कि बीजेपी नेता वहां से भाग खड़े हुए (वॉकआउट किया), क्योंकि उनके पास सच का सामना करने की हिम्मत नहीं थी।
हर्षवर्धन चौहान बोले, बीजेपी में पड़ी फूट, अध्यक्ष अलग भागे, नेता प्रतिपक्ष अलग
उद्योग मंत्री हर्षवर्धन चौहान ने रैली में चुटकी लेते हुए कहा कि बीजेपी गुटों में बंटी हुई है। उन्होंने सर्वदलीय बैठक का किस्सा सुनाते हुए कहा कि बीजेपी अध्यक्ष राजीव बिंदल पहले अकेले ही वॉकआउट कर गए, जबकि उनके बाकी 5 विधायक अंदर ही बैठे रहे। काफी देर दुविधा में रहने के बाद जयराम ठाकुर और बाकी लोग बाहर निकले। चौहान ने कहा कि विधानसभा से वॉकआउट तो सुना था, लेकिन सर्वदलीय बैठक से भागना पहली बार देखा।
70 हजार करोड़ का हिसाब
मुख्यमंत्री ने पूर्व बीजेपी सरकार पर हमला बोलते हुए कहा कि उन्हें अपने कार्यकाल में केंद्र से 70 हजार करोड़ रुपये मिले थे। अगर वो पैसा सही जगह लगता तो आज प्रदेश पर 76 हजार करोड़ का कर्ज नहीं होता। उन्होंने आरोप लगाया कि पूर्व सरकार ने सिर्फ चुनाव जीतने के लिए 5000 करोड़ की ‘रेवड़ियां’ बांट दीं और चहेतों को खुश करने के लिए भवन बनाए।
विपक्ष की विधायक को भी मंच
व्यवस्था परिवर्तन का उदाहरण देते हुए सीएम के मंच से पच्छाद की बीजेपी विधायक रीना कश्यप ने भी अपनी बात रखी और क्षेत्र की समस्याएं उठाईं। उद्योग मंत्री ने कहा कि बीजेपी राज में विपक्ष को बैठने की जगह नहीं मिलती थी, लेकिन सुखविंदर सिंह सुक्खू विपक्ष के विधायकों के क्षेत्र में भी बराबर विकास करवा रहे हैं।
इस अवसर पर विधायक अजय सोलंकी, विनोद सुल्तानपुरी, पूर्व विधायक कंवर अजय बहादुर सिंह, जिला अध्यक्ष आनंद परमार सोलन जिला कांग्रेस अध्यक्ष सुभाष वरमाणी, वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष नासिर खान, एपीएमसी सिरमौर के अध्यक्ष सीताराम शर्मा, उपायुक्त प्रियंका वर्मा सहित अन्य गणमान्य उपस्थित रहे।