सोलन: अर्की के विधायक संजय अवस्थी ने कहा कि बागवानी हिमाचल प्रदेश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है और राज्य सरकार इस क्षेत्र में आधुनिक तकनीक का समावेश कर किसानों की आय बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है। मंगलवार को अर्की विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत दावटी के गांव दाती ब्राह्मणा में ‘एच.पी. शिवा परियोजना’ के तहत आलुबुखारा (Plum) पौधारोपण अभियान का शुभारंभ करते हुए उन्होंने यह बात कही।

विधायक ने बताया कि कुनिहार विकास खंड में शिवा परियोजना के तहत पहले चरण में 7 क्लस्टर बनाए गए हैं, जिनमें दाती, चुनाड, सेर देलग, गियाना, पजीना, जैलंग और दसेरन शामिल हैं। इन क्लस्टरों में प्लम की उन्नत किस्में जैसे सांता रोजा, ब्लैक एम्बर और रेड ब्यूट के पौधे रोपे जा रहे हैं। विशेष रूप से दाती क्लस्टर में 10 हेक्टेयर भूमि पर लगभग 6,000 पौधे लगाए जाएंगे। परियोजना के तहत सिंचाई और सोलर फेंसिंग की सुविधा भी दी जा रही है।
विधायक अवस्थी ने प्रदेश की आर्थिकी में बागवानी के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि राज्य में 2.37 लाख हेक्टेयर भूमि पर बागवानी होती है, जिससे सालाना 6.48 लाख मीट्रिक टन उत्पादन होता है और यह क्षेत्र राज्य की आय में लगभग 5,000 करोड़ रुपये का योगदान देता है। उन्होंने मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू के नेतृत्व में चल रही प्राकृतिक खेती की पहल का जिक्र किया और बताया कि सरकार ने गेहूं, मक्का और हल्दी पर न्यूनतम समर्थन मूल्य (MSP) निर्धारित किया है, साथ ही दूध के खरीद दाम भी बढ़ाए हैं। उन्होंने युवाओं से आग्रह किया कि वे कृषि को स्वरोजगार के रूप में अपनाएं।
इस अवसर पर विधायक ने स्थानीय विकास के लिए कई घोषणाएं भी कीं। उन्होंने बताया कि ब्रायली से बुडमोस्टोटी-दाती शिवनगर संपर्क मार्ग के लिए 9 लाख रुपये की डीपीआर तैयार हो चुकी है और काम जल्द शुरू होगा। इसके अलावा, दाती गांव की कुल देवी मंदिर के पास सुरक्षा दीवार के लिए 2 लाख रुपये और सामुदायिक भवन की मरम्मत के लिए 1.50 लाख रुपये देने की घोषणा की। कार्यक्रम के बाद उन्होंने ‘सरकार आपके द्वार’ के तहत जनसमस्याएं भी सुनीं। इस मौके पर एसडीएम अर्की निशांत तोमर, शिवा परियोजना के निदेशक डॉ. रमल अंगारिया सहित कई अधिकारी और स्थानीय लोग मौजूद रहे।