नाहन : जिला सिरमौर के युवा क्रिकेट सितारे हार्दिक शर्मा ने भारतीय क्रिकेट के शिखर की ओर एक और मजबूत कदम बढ़ाया है। बीसीसीआई (BCCI) द्वारा आयोजित होने वाले प्रतिष्ठित NCA (राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी) अंडर-16 बॉयज़ एलीट कैंप-2026 के लिए हार्दिक का चयन किया गया है। जयपुर में 10 मई 2026 से शुरू होने वाले इस विशेष शिविर के लिए उन्हें टीम-D में जगह मिली है। हार्दिक की यह सफलता उनके वर्षों के कड़े अभ्यास और श्रेष्ठ कोचों के मार्गदर्शन का परिणाम है।
हार्दिक शर्मा के क्रिकेट करियर की नींव पांच साल पहले सिरमौर के पूर्व खिलाड़ी और वर्तमान में सब-सेंटर MC पांवटा साहिब के कोच अश्वनी राय के सानिध्य में पड़ी थी। अश्वनी राय की देखरेख में ही हार्दिक ने क्रिकेट की बारीकियां सीखीं। अपनी प्रतिभा के दम पर वे पहले भी अंडर-14 हिमाचल स्टेट कैंप का हिस्सा रह चुके हैं।

पिछले दो वर्षों से हार्दिक अपनी गेंदबाजी और तकनीक को और अधिक धार देने के लिए आगरा में प्रशिक्षण ले रहे हैं। वहाँ वे रेलवे और उत्तर प्रदेश के पूर्व रणजी खिलाड़ी किशोर कुमार शर्मा के मार्गदर्शन में पसीना बहा रहे हैं। अनुभवी कोचों के इस संगम ने हार्दिक को एक मैच-विजेता खिलाड़ी के रूप में तैयार किया है।
हार्दिक शर्मा का राष्ट्रीय स्तर (NCA) के लिए चयन उनके पिछले चार महीनों के असाधारण और निरंतर प्रदर्शन का परिणाम है। उन्होंने बोर्ड स्तर से लेकर स्थानीय लीग तक, लाल और सफेद दोनों गेंदों से बल्लेबाजों को अपनी फिरकी के जाल में फंसाया है। बीसीसीआई (BCCI) की प्रतिष्ठित विजय मर्चेंट ट्रॉफी में हार्दिक ने चयनकर्ताओं का ध्यान अपनी ओर तब खींचा, जब उन्होंने केवल 5 मैचों में घातक गेंदबाजी करते हुए 24 विकेट अपने नाम किए। उनकी प्रतिभा का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने अपने से बड़े आयु वर्ग की HPCA अंडर-19 इंटर डिस्ट्रिक्ट डेज़ प्रतियोगिता में भी अपनी धाक जमाई और 6 मैचों में 29 विकेट चटकाकर सबको हैरान कर दिया। इतना ही नहीं, स्थानीय स्तर पर भी उनका दबदबा कायम रहा। चौथी सिरमौर सुपर लीग के दौरान हार्दिक ने अपनी फिरकी का जादू बिखेरते हुए 6 मैचों में 21 विकेट झटके।
सिरमौर जिला क्रिकेट एसोसिएशन (SDCA) ने हार्दिक की इस उपलब्धि पर उन्हें और उनके कोचों को हार्दिक बधाई दी है। एसोसिएशन का कहना है कि हार्दिक का चयन यह दर्शाता है कि यदि सही मार्गदर्शन और कड़ी मेहनत का मेल हो, तो सिरमौर जैसी छोटी जगह से भी खिलाड़ी राष्ट्रीय स्तर पर चमक सकते हैं। एसोसिएशन ने उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए उम्मीद जताई है कि वे जल्द ही भारतीय टीम के नीले रंग में नजर आएंगे।