नाहन : राष्ट्रीय राजमार्ग NH-907A (नाहन-शिमला ) पर एक बार फिर सड़क सुरक्षा नियमों को ताक पर रखकर सफर करने का एक बेहद गंभीर और खतरनाक मामला सामने आया है। मालवाहक वाहन (पिकअप/गुड्स कैरियर) की खुली ट्रॉली में महिलाओं और बच्चों सहित कई लोग जान जोखिम में डालकर सफर करते पाए गए। पहाड़ी और खतरनाक घुमावदार रास्तों पर इस तरह खुले वाहन में यात्रा करना न केवल मोटर वाहन अधिनियम का खुला उल्लंघन है, बल्कि यह सीधे तौर पर यात्रियों की जान के साथ एक बड़ा खिलवाड़ है।
इस पूरे मामले की सबसे खास बात यह रही कि जब यह वाहन सड़क पर दौड़ रहा था, उसी दौरान क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी सोना चंदेल स्वयं उस मार्ग से गुजर रही थीं। अपनी आंखों के सामने यात्रियों की जान से खिलवाड़ होता देख RTO सोना चंदेल ने बिना एक पल की भी देरी किए तुरंत वाहन को रुकवाया।

स्थिति की गंभीरता, यात्रियों की सुरक्षा में ढिलाई और व्यावसायिक वाहन के दुरुपयोग को भांपते हुए RTO ने मौके पर ही सख्त रुख अपनाया और वाहन चालक के खिलाफ ऑन-द-स्पॉट चालान काटने के निर्देश दिए। नियमों की धज्जियां उड़ाने और मालवाहक वाहन में अवैध रूप से पैसेंजर्स ढोने के इस गंभीर अपराध पर RTO सोना चंदेल ने वाहन का 25,000 रुपये का भारी-भरकम चालान ठोका।
स्थानीय प्रत्यक्षदर्शियों और नागरिकों का कहना है कि नहान-शिमला रूट पर नियमित रूप से सरकारी और निजी बस सेवाएं उपलब्ध रहती हैं। इसके बावजूद, कई बार यात्री और वाहन चालक जल्दबाजी, थोड़े से पैसों की बचत या लापरवाही के चक्कर में इस तरह के प्रतिबंधित और जानलेवा सफर का विकल्प चुन लेते हैं। पहाड़ी इलाकों में अक्सर अचानक मौसम बदलने, तीव्र मोड़ों और अचानक ब्रेक लगने की स्थिति में खुले पिकअप की ट्रॉली में बैठे यात्रियों के नीचे गिरने या गंभीर दुर्घटना का शिकार होने का खतरा सबसे ज्यादा रहता है।
इस कार्रवाई के बाद परिवहन विभाग ने स्पष्ट संदेश दिया है कि सिरमौर जिले की सड़कों पर सुरक्षा नियमों से समझौता किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। RTO ने वाहन मालिकों और चालकों को सख्त चेतावनी जारी की है कि मालवाहक वाहनों का उपयोग केवल सामान ढोने के लिए किया जाए। यदि भविष्य में भी कोई कमर्शियल वाहन यात्रियों को इस तरह खुले में बैठाकर ले जाता हुआ पाया गया, तो उसका चालान काटने के साथ-साथ वाहन का पंजीयन और चालक का ड्राइविंग लाइसेंस भी निलंबित किया जा सकता है।