सोलन: जिला पुलिस की मुस्तैदी ने परवाणू के कामली पुल के पास न केवल नशे की एक खेप पकड़ी, बल्कि पुलिस कार्रवाई में बाधा डालने और आरोपी को छुड़ाने का प्रयास करने वाले एक शातिर गिरोह का भी भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने 9.28 ग्राम चिट्टे (हेरोइन) के साथ एक युवक को गिरफ्तार किया है, साथ ही उसे जबरन छुड़ाने की कोशिश करने वाले तीन अन्य सहयोगियों को भी सलाखों के पीछे पहुँचा दिया है।

परवाणू पुलिस की टीम कामली पुल के समीप गश्त और वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान टिपरा की ओर से आ रहे एक मोटरसाइकिल सवार को संदेह के आधार पर रोका गया। युवक की घबराहट देख जब नियमानुसार तलाशी ली गई, तो उसके कब्जे से 9.28 ग्राम चिट्टा बरामद हुआ।
मुख्य आरोपी की पहचान अक्षय कुमार (21 वर्ष) पुत्र संजीव कुमार निवासी गांव कालर, डाकखाना भद्रवाड़, तहसील सरकाघाट, जिला मंडी के रूप हुई है । जब पुलिस अक्षय कुमार के खिलाफ कार्रवाई कर रही थी, तभी मौके पर दो महिलाएं और एक पुरुष अचानक पहुँचे। इन व्यक्तियों ने न केवल पुलिस के काम में बाधा डाली, बल्कि आरोपी अक्षय को पुलिस गिरफ्त से छुड़ाने के लिए टीम पर भारी दबाव बनाने और धक्का-मुक्की करने की कोशिश की। पुलिस टीम ने सूझबूझ और संयम का परिचय देते हुए इन तीनों को भी मौके पर ही काबू कर लिया।
पुलिस ने अबुलेश (33 वर्ष) पुत्र गिरिराज उर्फ अब्बू शाह, निशा उर्फ निशा शेख (28 वर्ष) पुत्री गिरिराज और फिज्जा (32 वर्ष) पुत्री गिरिराज को गिरफ्तार किया है । पुलिस जांच में सामने आया है कि यह एक संगठित नेटवर्क है। गिरफ्तार किए गए आरोपियों का पुराना काला चिट्ठा भी सामने आया है। अबुलेश इसके विरुद्ध पहले से चिट्टा तस्करी के 03 मामले दर्ज हैं। निशा के विरुद्ध पहले से चिट्टा तस्करी के 02 मामले दर्ज हैं। अन्य दो आरोपियों के पुराने रिकॉर्ड की भी गहनता से पड़ताल की जा रही है।
पुलिस थाना परवाणू में एनडीपीएस अधिनियम और सरकारी कार्य में बाधा डालने की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज किया गया है। सभी चारों आरोपियों को आज माननीय न्यायालय में पेश किया है। पुलिस का मानना है कि पूछताछ के दौरान इस नेटवर्क के मुख्य सप्लायर और वितरण तंत्र के बारे में कई महत्वपूर्ण खुलासे हो सकते हैं। मामले की आगामी जांच जारी है।