नाहन: विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास और उन्हें व्यावहारिक कौशल से जोड़ने के उद्देश्य से पारंगत स्कूल ऑफ एक्सीलेंस में एक विशेष रचनात्मक कार्यशाला का आयोजन किया गया। यह कार्यशाला हिम धारा एकीकृत विकास संस्था के सौजन्य से आयोजित की गई, जिसमें स्कूली बच्चों को किताबी ज्ञान से इतर आत्मनिर्भरता के गुर सिखाए गए।
कार्यशाला के दौरान हिम धारा संस्था के सदस्यों ने विद्यार्थियों को मोमबत्ती बनाने की बारीकियां सिखाईं। इसके साथ ही बच्चों को क्रोशिया (Crochet) चलाने की कला से भी रूबरू कराया गया। संस्था के प्रशिक्षकों ने बताया कि इन गतिविधियों का मुख्य उद्देश्य बच्चों में रचनात्मक सोच विकसित करना और उन्हें छोटे-छोटे हुनर सिखाकर भविष्य के लिए आत्मनिर्भर बनाना है।

इस दौरान बच्चों का उत्साह देखते ही बनता था। विद्यार्थियों ने न केवल पूरे ध्यान से इन कौशलों को समझा, बल्कि स्वयं अपने हाथों से आकृतियां बनाकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन भी किया। बच्चों के लिए यह एक नया और रोमांचक अनुभव रहा।
कार्यक्रम का सफल संचालन विद्यालय की वाइस प्रिंसिपल अनु सोढा और समस्त स्टाफ सदस्यों के कुशल मार्गदर्शन में हुआ। विद्यालय प्रशासन ने हिम धारा एकीकृत विकास संस्था की इस पहल की सराहना करते हुए उनका आभार व्यक्त किया।
वाइस प्रिंसिपल अनु सोढा ने कहा, “ऐसे कार्यक्रम बच्चों के आत्मविश्वास को बढ़ाते हैं। हम भविष्य में भी विद्यार्थियों के लिए इसी तरह की उपयोगी और रचनात्मक कार्यशालाएं आयोजित करने के लिए प्रतिबद्ध हैं।”