नाहन : बलिया (उत्तर प्रदेश) में आयोजित राष्ट्रीय रंग महोत्सव में हिमाचल प्रदेश के नाहन स्थित रंगमंच संस्था स्टेपको नाहन ने शानदार प्रदर्शन करते हुए बड़ी उपलब्धि हासिल की। संस्था के नाटक ‘सुगंधि’ ने कुल 16 प्रतिष्ठित पुरस्कार जीतकर रंगमंच जगत में नाहन और हिमाचल का नाम रोशन किया।
नाटक सुगंधि को सर्वश्रेष्ठ नाटक का सम्मान मिला। वहीं सर्वश्रेष्ठ निर्देशक का पुरस्कार रजित सिंह कंवर एवं वसीम खान को प्रदान किया गया। नाटक के सशक्त लेखन के लिए रितेश मेहता को सर्वश्रेष्ठ लेखक का पुरस्कार मिला।

अभिनय श्रेणी में फरज़ाना सैय्यद (जानकी) को सर्वश्रेष्ठ अभिनेत्री, आँचल नेहरू(छाया) को सर्वश्रेष्ठ सह अभिनेत्री, गीता कैंथ (अम्मा)को सर्वश्रेष्ठ चरित्र अभिनेत्री, मोनिका शर्मा (काकी)को द्वितीय चरित्र अभिनेत्री, काजल बादल(मैथली) को तृतीय अभिनेत्री तथा आफ़ीफ़ा( छोटी सुगंधि)को सर्वश्रेष्ठ बाल कलाकार का पुरस्कार मिला।
तकनीकी पक्ष में भी नाटक सुगंधि को सराहना मिली और इसे सर्वश्रेष्ठ प्रकाश, सर्वश्रेष्ठ संगीत, सर्वश्रेष्ठ रूप सज्जा एवं सर्वश्रेष्ठ मंच सज्जा के पुरस्कारों से नवाजा गया।
इस राष्ट्रीय रंग महोत्सव में उत्तर प्रदेश के परिवहन मंत्री दयाशंकर सिंह ने मंच से सभी विजेता कलाकारों और रंगकर्मियों को सम्मानित किया। उन्होंने स्टेपको नाहन की पूरी टीम को इस उल्लेखनीय उपलब्धि के लिए बधाई देते हुए कहा कि ऐसे नाटक भारतीय रंगमंच को नई ऊँचाइयों तक ले जाते हैं।
स्टेपको नाहन की इस सफलता पर कला प्रेमियों और नाहन रंगमंच जगत में हर्ष की लहर है। निर्देशक रजित कंवर ने इसे टीमवर्क, समर्पण और निरंतर अभ्यास का परिणाम बताया तथा भविष्य में और बेहतर की आशा व्यक्त की।उन्होंने सभी रंगकर्मी साथियों और शमशेर स्कूल के प्रधानाचार्य राजकुमार का भी रिहर्सल के लिये स्थान देने पर आभार व्यक्त किया।