जंगली रास्तों पर 4 KM पैदल चलकर पाई कामयाबी; धौण स्कूल की जैसमिन ने 10वीं में किया टॉप

नाहन : कहते हैं कि अगर इरादे मजबूत हों, तो रास्ते की बाधाएं खुद-ब-खुद छोटी हो जाती हैं। हिमाचल प्रदेश स्कूल शिक्षा बोर्ड के दसवीं के परीक्षा परिणाम में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला (GSSS), धौण की छात्रा जैसमिन ने इस बात को सच कर दिखाया है। जैस्मिन ने 700 में से 684 अंक (97.7%) प्राप्त कर न केवल अपने स्कूल में प्रथम स्थान हासिल किया है, बल्कि अपनी सफलता से पूरे क्षेत्र को गौरवान्वित किया है।

सिरमौर जिले के गांव कनलोग की रहने वाली जैसमिन की यह सफलता सामान्य नहीं है। जैसमिन के घर से स्कूल तक का रास्ता सुगम नहीं था। वह हर रोज स्कूल पहुंचने के लिए एक तरफ से लगभग 2 किलोमीटर का रास्ता पैदल तय करती थीं। यह रास्ता भी घने जंगलों के बीच से होकर गुजरता है, लेकिन शिक्षा पाने की ललक और अपने सपनों को पूरा करने के जुनून के आगे जैसमिन ने कभी हार नहीं मानी। हर रोज जंगली रास्तों की चुनौतियों को पार कर स्कूल पहुंचना जैसमिन की दिनचर्या का हिस्सा बन गया था।

जैसमिन एक बेहद साधारण परिवार से ताल्लुक रखती हैं। उनके पिता, बॉबी ठाकुर, एक किसान हैं और अपनी मेहनत से परिवार का भरण-पोषण करते हैं, जबकि माता रंजना देवी एक गृहिणी हैं। परिवार की आर्थिक स्थिति और संसाधनों की कमी के बावजूद, माता-पिता ने अपनी बेटी की पढ़ाई में कभी कोई कमी नहीं आने दी। जैसमिन ने अपनी इस उपलब्धि का श्रेय अपने माता-पिता के त्याग और शिक्षकों के मार्गदर्शन को दिया है।

प्रेरणा की बात यह है कि जैसमिन की छोटी बहन जैनसी, जो अभी नौवीं कक्षा की छात्रा है, पिछले 13 वर्षों से एक गंभीर बीमारी के कारण निरंतर PGI चंडीगढ़ से इलाज करवा रही है। इस शारीरिक कष्ट के बावजूद, जैनसी का हौसला भी अपनी बड़ी बहन की तरह बुलंद है; वह भी प्रतिदिन जैसमिन के साथ जंगली रास्तों से होकर स्कूल पैदल आती-जाती है।

जैसमिन की नजरें अब एक बड़े लक्ष्य पर टिकी हैं। वह भविष्य में NDA (National Defence Academy) में जाकर देश की सेवा करना चाहती हैं। सेना में ऑफिसर बनकर देश की रक्षा करना उनका बचपन का सपना है, जिसके लिए उन्होंने अभी से कमर कस ली है। ग्रामीण परिवेश और अभावों के बीच पली-बढ़ी जैस्मिन की यह सोच उन हजारों युवाओं के लिए प्रेरणा है जो छोटी-छोटी बाधाओं से घबरा जाते हैं।

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पंकज जयसवाल

पंकज जयसवाल, हिल्स पोस्ट मीडिया में न्यूज़ रिपोर्टर के तौर पर खबरों को कवर करते हैं। उन्हें पत्रकारिता में करीब 2 वर्षों का अनुभव है। इससे पहले वह समाज सेवी संगठनों से जुड़े रहे हैं और हजारों युवाओं को कंप्यूटर की शिक्षा देने के साथ साथ रोजगार दिलवाने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा की है।