नाहन : पीएम श्री राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला, नाहन के प्रांगण में आज जिला स्तरीय बाल विज्ञान कांग्रेस–2026 का समापन समारोह अत्यंत हर्षोल्लास एवं उत्साह के साथ आयोजित किया गया। समारोह में नाहन विधानसभा क्षेत्र के विधायक अजय सोलंकी ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। इस अवसर पर उपनिदेशक स्कूली शिक्षा (प्रारंभिक), जिला सिरमौर, राजीव ठाकुर तथा उपनिदेशक स्कूली शिक्षा (उच्चतर), मदन लाल शर्मा विशेष रूप से उपस्थित रहे।
बाल विज्ञान कांग्रेस विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण, तार्किक चिंतन, रचनात्मकता, अनुसंधान एवं नवाचार की भावना विकसित करने का एक महत्वपूर्ण मंच है। इसके माध्यम से विद्यार्थियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने, वैज्ञानिक समस्याओं को समझने तथा उनके समाधान खोजने का अवसर मिलता है।

इस प्रतियोगिता का आयोजन हिमाचल प्रदेश विज्ञान, प्रौद्योगिकी एवं पर्यावरण परिषद (HIMCOSTE), शिमला द्वारा किया जाता है। जिला स्तर पर इसके सफल संचालन में उपनिदेशक स्कूली शिक्षा (प्रारंभिक), जिला सिरमौर के कार्यालय की महत्वपूर्ण भूमिका रहती है। आयोजन के लिए आवश्यक वित्तीय सहायता एवं सहयोग उपलब्ध करवाने में HIMCOSTE के सदस्य सचिव डॉ. सुरेश सी. अत्री का विशेष योगदान रहा है।
जिला स्तरीय बाल विज्ञान कांग्रेस–2026 के अंतर्गत छह प्रकार की प्रतियोगिताएँ आयोजित की गईं। इनमें विज्ञान प्रश्नोत्तरी, मैथमैटिकल ओलंपियाड, विज्ञान एक्टिविटी कॉर्नर, इनोवेटिव साइंस मॉडल, वैज्ञानिक परियोजना रिपोर्ट तथा विज्ञान लघु नाटिका प्रतियोगिताएँ शामिल रहीं। इन प्रतियोगिताओं के माध्यम से विद्यार्थियों को विज्ञान, गणित, प्रयोगात्मक गतिविधियों, मॉडल निर्माण, अनुसंधान तथा नवाचार के क्षेत्र में अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर प्राप्त हुआ। इन गतिविधियों का उद्देश्य विद्यार्थियों में जिज्ञासा, वैज्ञानिक सोच, टीम भावना और समस्या-समाधान की क्षमता को प्रोत्साहित करना है। प्रतियोगिता में प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले सभी विद्यार्थी राज्य स्तर पर आयोजित होने वाली बाल विज्ञान कांग्रेस–2026 के लिए पात्र होंगे।
इस अवसर पर जिला विज्ञान प्रयोग के कार्यवाहक जिला विज्ञान पर्यवेक्षक सुरेंद्र सिंह ने प्रतियोगिता के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की। उन्होंने बताया कि इस वर्ष प्रतियोगिता का फोकल थीम “सतत विकास के लिए विज्ञान और नवाचार” रखा गया है। उन्होंने इस थीम के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि आज की पीढ़ी के लिए विज्ञान और नवाचार केवल शैक्षणिक विषय नहीं, बल्कि सतत विकास, पर्यावरण संरक्षण, संसाधनों के विवेकपूर्ण उपयोग तथा समाज की ज्वलंत समस्याओं के समाधान का प्रभावी माध्यम हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाने, नए विचारों को विकसित करने तथा अपने नवाचारों का उपयोग समाज और राष्ट्रहित में करने का संदेश दिया।
समारोह के मुख्य अतिथि नाहन अजय सोलंकी ने आज़ादी से लेकर वर्तमान समय तक विभिन्न सरकारों द्वारा वैज्ञानिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए किए गए प्रयासों और उपलब्ध करवाई गई सहायता का विस्तारपूर्वक वर्णन किया। उन्होंने बताया कि विद्यार्थियों में विज्ञान के प्रति रुचि एवं अभिरुचि विकसित करने के उद्देश्य से समय-समय पर अनेक शैक्षणिक, वैज्ञानिक एवं नवाचार-आधारित कार्यक्रम संचालित किए गए हैं। इन प्रयासों के माध्यम से छोटे बच्चों को प्रयोगात्मक शिक्षा, वैज्ञानिक गतिविधियों, अनुसंधान तथा नवाचार से जोड़ने के अवसर प्रदान किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रम विद्यार्थियों की प्रतिभा को पहचानने, उन्हें प्रोत्साहित करने और भविष्य में देश के वैज्ञानिक विकास में योगदान देने के लिए तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
विधायक ने विद्यार्थियों से विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी के क्षेत्र से जुड़ने, निरंतर सीखने और अपने ज्ञान का सकारात्मक उपयोग करने का आह्वान किया। साथ ही उन्होंने युवाओं को नशे से दूर रहने, स्वस्थ जीवनशैली अपनाने तथा समाज और राष्ट्र के निर्माण में जिम्मेदार नागरिक के रूप में योगदान देने का संदेश दिया।
समारोह में उपस्थित अतिथियों ने विद्यार्थियों की वैज्ञानिक अभिरुचि एवं प्रतिभा को प्रोत्साहित करने की आवश्यकता पर बल दिया। मुख्य अतिथि महोदय ने जोर देकर यह संदेश दिया कि इस प्रकार के आयोजन विद्यार्थियों को केवल किताबी ज्ञान तक सीमित न रखकर व्यावहारिक अनुभव प्राप्त करने तथा समाज एवं पर्यावरण से जुड़ी समस्याओं के वैज्ञानिक समाधान खोजने के लिए प्रेरित करते हैं।