नाहन: बुजुर्ग और IPH कर्मी को बचाने नदी में कूदे थे 2 युवक पर खुद ही फंसे, एक PGI रेफर

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By पंकज जयसवाल

नाहन : जिला सिरमौर में बीते कल हुई मूसलाधार बारिश के दौरान नाहन के बर्मा पापड़ी क्षेत्र में रून नदी के विकराल उफान ने जहां भारी खौफ का मंजर पैदा कर दिया था, वहीं इस पूरे घटनाक्रम के बीच एक और बेहद चिंताजनक खबर सामने आई है। नदी के तेज बहाव में फंसे 65 वर्षीय बुजुर्ग बनारसी दास को बचाने के चक्कर में दो स्थानीय युवक टिंकू (पेशे से ड्राइवर) और राजू, प्रशासनिक चेतावनी के बावजूद उफनती नदी में कूद पड़े थे। इस साहसिक प्रयास के दौरान दोनों युवक खुद विकराल सैलाब की चपेट में आ गए।

मौके पर तैनात रेस्क्यू टीमों ने मुस्तैदी दिखाते हुए दोनों युवकों को कड़ी मशक्कत के बाद नदी से बाहर निकाला था, लेकिन टिंकू की गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे नाहन मेडिकल कॉलेज में प्राथमिक उपचार के बाद तुरंत PGI चंडीगढ़ रेफर कर दिया गया है।

उल्लेखनीय है कि इससे पहले जल शक्ति विभाग में कार्यरत साहसी कर्मचारी अंशुल ने भी अपनी जान की परवाह किए बिना उफनती नदी में छलांग लगाई थी। अंशुल तैरकर बुजुर्ग बनारसी दास तक पहुंचे और उन्हें सुरक्षित टापू तक पहुंचाया था, लेकिन पानी का स्तर अचानक बढ़ने से वे खुद भी बुजुर्ग के साथ टापू पर फंस गए थे। करीब 3 घंटे तक टापू पर फंसे रहने के बाद अंशुल और बुजुर्ग को रेस्क्यू टीमों की मदद से सुरक्षित बाहर निकाला गया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार, जब बर्मा पापड़ी में रून नदी के बीच बने टापू पर बुजुर्ग बनारसी दास और अंशुल जिंदगी और मौत की जंग लड़ रहे थे, उसी दौरान मौके पर मौजूद स्थानीय युवक टिंकू (ड्राइवर) और राजू बुजुर्ग को मुसीबत में देखकर खुद को रोक नहीं पाए।

SDM नाहन राजीव संख्यान ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि मौके पर मौजूद प्रशासनिक और राहत टीमों ने सुरक्षा कारणों से दोनों युवकों को उफनती नदी में उतरने से सख्त मना किया था। इसके बावजूद, बुजुर्ग को बचाने के अति-उत्साह और मानवीय भावना में दोनों युवकों ने रेस्क्यू टीम की रोक को दरकिनार कर रून नदी में छलांग लगा दी।

नदी का जलस्तर और बहाव इतना खतरनाक था कि पानी में उतरते ही दोनों युवक संभल नहीं सके और उफनते पानी की चपेट में आ गए। किनारे पर तैनात होमगार्ड, NDRF और पुलिस की रेस्क्यू टीमों ने तुरंत एक्शन लेते हुए तत्परता दिखाई और कड़ी मशक्कत के बाद टिंकू और राजू दोनों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।

नदी से निकाले जाने के तुरंत बाद दोनों घायलों को इलाज के लिए डॉ. यशवंत सिंह परमार राजकीय मेडिकल कॉलेज नाहन पहुंचाया गया। डॉक्टरों ने दोनों का प्राथमिक उपचार शुरू किया, लेकिन टिंकू (ड्राइवर) की हालत बेहद नाजुक पाई गई। पानी में डूबने और अंदरूनी चोटों/पानी भरने की वजह से डॉक्टरों ने उसकी गंभीर स्थिति को देखते हुए उसे तुरंत पीजीआई (PGI) चंडीगढ़ के लिए रेफर कर दिया, जहां उसकी हालत चिंताजनक बनी हुई है। वहीं दूसरे युवक राजू की हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है।

घटना के बाद प्रशासन ने आमजन से बेहद सख्त लहजे में सुरक्षा नियमों का पालन करने की अपील की है। SDM नाहन राजीव संख्यान ने क्षेत्रवासियों से आग्रह किया है कि भारी बारिश और उफान के बीच नदियों, खड्डों और नालों से पूरी तरह दूर रहें। जब रेस्क्यू ऑपरेशन चल रहा हो, तो प्रशिक्षित टीमों को अपना काम करने दें और भावनाओं में बहकर या अति-उत्साह में खुद पानी में न उतरें। सुरक्षा गाइडलाइंस का उल्लंघन अपनी और दूसरों की जान के लिए घातक साबित हो सकता है।

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पंकज जयसवाल

पंकज जयसवाल, हिल्स पोस्ट मीडिया में न्यूज़ रिपोर्टर के तौर पर खबरों को कवर करते हैं। उन्हें पत्रकारिता में करीब 2 वर्षों का अनुभव है। इससे पहले वह समाज सेवी संगठनों से जुड़े रहे हैं और हजारों युवाओं को कंप्यूटर की शिक्षा देने के साथ साथ रोजगार दिलवाने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा की है।