कुल्लू : हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले में जल शक्ति विभाग के जूनियर इंजीनियर (JE) लाभ सिंह गुलेरिया की रहस्यमयी मौत और अंधेकत्ल की गुत्थी को कुल्लू पुलिस ने महज चार दिनों के भीतर सुलझा लिया है। इस सनसनीखेज हत्याकांड के पीछे लेडी डॉक्टर के साथ अवैध संबंधों का शक मुख्य वजह बनकर सामने आया है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक ही परिवार के चार लोगों—स्थानीय लेडी डॉक्टर, उनके पति, ससुर और देवर को गिरफ्तार कर लिया है।
मामले का खुलासा करते हुए पुलिस अधीक्षक (SP) मदन लाल कौशल ने पत्रकार वार्ता में बताया कि बीते 24 तारीख की शाम पुलिस को सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति नाले के पास गंभीर हालत में घायल पड़ा है। पुलिस ने तुरंत मौके पर पहुंचकर घायल लाभ सिंह को अस्पताल पहुंचाया। हालांकि, 26 तारीख की सुबह उपचार के दौरान लाभ सिंह की मौत हो गई, जिसके बाद पुलिस ने मामले में भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 103 (हत्या) के तहत मुकदमा दर्ज कर जांच तेज कर दी।

मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए एडिशानल एसपी की अगुवाई में एक विशेष जांच टीम का गठन किया गया। जांच टीम ने बेहद पेशेवर तरीके से काम करते हुए घटनास्थल और आसपास के इलाकों के CCTV फुटेज खंगाले, कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) और मोबाइल लोकेशन का इलेक्ट्रॉनिक विश्लेषण किया। इसके अलावा कई संदिग्धों से गहन पूछताछ की गई। तकनीकी इनपुट और जमीनी साक्ष्यों की कड़ियों को जब आपस में जोड़ा गया, तो हत्या की पूरी साजिश की परतें खुल गईं।
पुलिस अधीक्षक मदन लाल कौशल ने बताया कि अवैध संबंधों के शक में इस वारदात को अंजाम दिया गया था। पुलिस ने इस मामले में स्थानीय लेडी डॉक्टर, उनके पति करण ठाकुर, देवर दिनेश और ससुर विजय कुमार को गिरफ्तार किया है।
पुलिस प्रशासन के अनुसार, सभी चारों आरोपियों को अदालत में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया जा रहा है। रिमांड के दौरान पुलिस वारदात में इस्तेमाल किए गए हथियारों व साधनों को बरामद करेगी और मर्डर सीन के हर पहलू की कड़ियों को री-क्रिएट कर सबूत जुटाएगी। कुल्लू पुलिस की इस मुस्तैदी से मर्डर मिस्ट्री को सुलझाने की हर तरफ सराहना की जा रही है।