सोलन: प्रवक्ता संघ जिला सोलन ने सीबीएसी (CBSE) मॉडल के विद्यालयों में कार्यरत सभी शिक्षकों पर ड्रेस कोड लागू करने संबंधी सरकारी आदेशों की कड़ी आलोचना की है। संघ ने दो टूक शब्दों में कहा है कि वर्तमान परिस्थितियों में इस प्रकार का ड्रेस कोड थोपना पूरी तरह से अनुचित है।
पुरानी सेवा वाले शिक्षकों पर ड्रेस कोड लागू करना अनुचित
प्रवक्ता संघ जिला सोलन के प्रधान जय लाल एवं अन्य प्रमुख पदाधिकारियों ने प्रेस को जारी बयान में कहा कि ड्रेस कोड केवल उन्हीं अध्यापकों पर लागू किया जाना चाहिए जो सीबीएसी माध्यम से नई नियुक्ति के तहत इन विद्यालयों में आए हैं। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि जो प्रवक्ता पहले से ही नियमित सरकारी सेवा में हैं और इन विद्यालयों में अपनी निष्ठावान सेवाएं दे रहे हैं, उन पर इस तरह का बाध्यकारी ड्रेस कोड लागू करना बिल्कुल भी तर्कसंगत नहीं है।
स्थानांतरण की अनिश्चितता और अतिरिक्त मानसिक दबाव
पदाधिकारियों ने चिंता जताते हुए कहा कि वर्तमान समय में इन विद्यालयों में सेवारत अध्यापक पहले से ही ट्रांसफर और स्थानांतरण की अनिश्चितता व अन्य प्रशासनिक असहजताओं का सामना कर रहे हैं। ऐसे संवेदनशील माहौल में शिक्षकों पर अतिरिक्त रूप से ड्रेस कोड का बोझ डालना किसी भी प्रकार से उचित नहीं है।
निर्णय पर पुनर्विचार की मांग और आंदोलन की चेतावनी
प्रवक्ता संघ ने प्रदेश सरकार से पुरजोर आग्रह किया है कि वह अपने इस निर्णय की तुरंत पुनर्समीक्षा करे और वर्तमान में कार्यरत सभी नियमित अध्यापकों को इस ड्रेस कोड के दायरे से मुक्त रखे। संघ ने स्पष्ट चेतावनी देते हुए कहा है कि यदि सरकार ने जल्द ही इस तानाशाहीपूर्ण निर्णय पर पुनर्विचार नहीं किया, तो प्रवक्ता संघ अपने सम्मानित सदस्यों के अधिकारों और हितों की रक्षा के लिए सड़कों पर उतरकर कड़ा आंदोलन करने से पीछे नहीं हटेगा।