हिमाचल में फर्जी ड्रग कंट्रोलर बनकर रंगदारी वसूलने वाले 2 गिरफ्तार, 4 दिन के पुलिस रिमांड पर

सोलन : खुद को ड्रग कंट्रोलर बताकर एक फार्मा कंपनी से लाखों रुपये ठगने और लगातार रंगदारी मांगने वाले गिरोह का बरोटीवाला पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने वैज्ञानिक साक्ष्यों और त्वरित कार्रवाई के आधार पर मामले में शामिल दो मुख्य आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। माननीय अदालत ने दोनों आरोपियों को 4 दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है।

बीती 30 जुलाई को बरोटीवाला स्थित एक नामी फार्मा कंपनी के प्रतिनिधि ने पुलिस थाना बरोटीवाला में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में आरोप लगाया गया था कि कुछ अज्ञात व्यक्ति खुद को ड्रग कंट्रोलर बताकर कंपनी से लाखों रुपये की ठगी कर चुके हैं और अब भी लगातार रंगदारी की मांग कर रहे हैं। शिकायत मिलते ही पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तकनीकी विश्लेषण और सर्विलांस का सहारा लिया। इसके आधार पर पुलिस ने 3 अगस्त को गिरोह के पहले आरोपी गुरपाल (22 वर्ष) पुत्र श्री जय किशन (निवासी गांव खोखरा, डाकघर नानकपुर, तहसील कालका, जिला पंचकूला, हरियाणा) को गिरफ्तार किया।

प्रारंभिक पूछताछ के आधार पर पुलिस ने आज मामले में संलिप्त दूसरे आरोपी प्रिंस (निवासी गांव खोखरा, तहसील कालका, जिला पंचकूला, हरियाणा) को भी सलाखों के पीछे पहुंचा दिया। पुलिस ने कार्रवाई के दौरान वारदात में इस्तेमाल की गई गाड़ी (HP64A-7859) और 50,000 रुपये की नकदी सहित अन्य महत्वपूर्ण साक्ष्य जब्त कर लिए हैं।

आज दोनों आरोपियों को माननीय न्यायालय में पेश किया गया, जहां से अदालत ने उन्हें 4 दिन के पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। पुलिस का कहना है कि रिमांड के दौरान आरोपियों से कड़ाई से पूछताछ की जाएगी, ताकि इस फर्जीवाड़ा गिरोह के नेटवर्क और अन्य संभावित आरोपियों का पर्दाफाश किया जा सके।

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पंकज जयसवाल

पंकज जयसवाल, हिल्स पोस्ट मीडिया में न्यूज़ रिपोर्टर के तौर पर खबरों को कवर करते हैं। उन्हें पत्रकारिता में करीब 2 वर्षों का अनुभव है। इससे पहले वह समाज सेवी संगठनों से जुड़े रहे हैं और हजारों युवाओं को कंप्यूटर की शिक्षा देने के साथ साथ रोजगार दिलवाने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा की है।