नाहन : हिमाचल प्रदेश में जारी भारी बारिश के बीच मंगलवार को नाहन क्षेत्र में एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। नाहन-पांवटा मार्ग पर कटासन के समीप स्थित जलमूषा खड्ड में अचानक अत्यधिक पानी आ जाने के कारण नदी के बीचों-बीच रह रहे 4 गुर्जर परिवारों के लगभग 25 लोग फंस गए। राहत की बात यह रही कि स्थानीय पुलिस और होमगार्ड के जवानों ने अदम्य साहस और तत्परता का परिचय देते हुए 3 घंटे चले कठिन रेस्क्यू अभियान के बाद सभी 25 लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
थाना सदर नाहन में भूपेन्द्र कुमार द्वारा आपातकालीन सूचना दी गई कि उफनती खड्ड के बीच कई जिंदगियां संकट में हैं। सूचना मिलते ही थाना सदर नाहन के प्रभारी अपने पुलिस दल के साथ तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे। मौके की संवेदनशीलता को देखते हुए तहसीलदार पांवटा साहिब और फायर ब्रिगेड की टीम भी वहां पहुंची। वहीं किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने और बेहतर अंतर-एजेंसी समन्वय स्थापित करने के लिए एनडीआरएफ की टीम को भी तुरंत बुलाकर स्टैंडबाय पर रखा गया।

पुलिस और होमगार्ड की संयुक्त टीमों ने तुरंत एक सघन और जोखिम भरा बचाव अभियान शुरू किया। जैसे ही खड्ड के जलस्तर में थोड़ी कमी आनी शुरू हुई, जवानों ने अपनी जान की परवाह किए बिना उफनते बहाव के बीच उतरकर मोर्चा संभाला। लगातार तीन घंटे तक चले इस साहसपूर्ण रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान जवानों ने अपने स्तर पर ही सभी 25 लोगों को एक-एक करके सुरक्षित किनारे पर पहुंचा दिया।
सुरक्षित निकाले गए लोगों में 6 माह की दूधमुंही बच्ची से लेकर 45 वर्ष तक के बुजुर्ग शामिल हैं। बचाए गए सदस्यों में गामी, भुरा, अम्बो, जाफर, सदम, शमशाद, मन्जुर, सेफ, लयाक्त, बिनु, हाजरा, हुरन, आशु, खतीजा, सुहाना, जतुन, इरशाद, दिलशाद, ईरशाद, शबीना, इकरा (6 माह), जाफर, अब्दुल और नानकी शामिल हैं।
प्रशासनिक मुस्तैदी और जवानों के अदम्य साहस से यह पूरा रेस्क्यू अभियान बिना किसी जन-हानि या शारीरिक नुकसान के सफलतापूर्वक संपन्न हो गया। क्षेत्र में स्थिति अब पूरी तरह सामान्य और नियंत्रण में है। प्रशासन ने स्थानीय लोगों और नदी-नालों के आसपास रहने वाले परिवारों से अपील की है कि वे बारिश के दौरान सतर्क रहें और उफनती खड्डों से उचित दूरी बनाए रखें।