शिमला: लोक निर्माण एवं शहरी विकास मंत्री विक्रमादित्य सिंह ने कहा कि हिमाचल प्रदेश देवी-देवताओं की पावन भूमि है, जहाँ के स्थानीय मेले सदियों से पुरातन संस्कृति, देव परंपराओं और ऐतिहासिक धरोहरों को संजोए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते आ रहे हैं। विक्रमादित्य सिंह आज शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र की ग्राम पंचायत देवला के घराटनाला में 1999 कारगिल युद्ध के वीर शहीद नरेश कुमार की स्मृति में आयोजित दो दिवसीय मेले के समापन समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में बोल रहे थे।

समारोह के दौरान कैबिनेट मंत्री ने शहीद नरेश कुमार के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित कर उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि दी। उन्होंने याद दिलाया कि 1999 के कारगिल युद्ध में देश के 527 जांबाज जवानों ने अपनी शहादत दी थी, जिनमें शिमला जिले के चार वीर सपूत शामिल थे। उन्होंने बताया कि जब शहीद नरेश कुमार का पार्थिव शरीर उनके पैतृक गाँव पहुँचा था, तब पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय राजा वीरभद्र सिंह भी स्वयं उन्हें श्रद्धांजलि देने आए थे। विक्रमादित्य सिंह ने घोषणा की कि घराटनाला में शहीद नरेश कुमार का भव्य स्मारक बनाने के हरसंभव प्रयास किए जाएंगे और इस दौरान उन्होंने मेला समिति ठेला को 31 हजार रुपये तथा देवला पंचायत के विकास कार्यों हेतु 6 लाख रुपये देने का ऐलान किया।
क्षेत्र में बुनियादी ढाँचे के विकास पर प्रकाश डालते हुए मंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार का मुख्य लक्ष्य हर गाँव को बेहतर सड़क सुविधा से जोड़ना है। शिमला ग्रामीण के चौथा परगना क्षेत्र में 12 करोड़ रुपये की लागत से दो प्रमुख सड़कों का निर्माण जारी है। इसके साथ ही खटनोल से मझीवड़, दसयाडी से कांगयाली मजयूड-जावन और चौथा परगना की अन्य 5 सड़कों के लिए वित्तीय स्वीकृति प्रदान की गई है। उन्होंने बताया कि पिछले साढ़े तीन वर्षों में देवला पंचायत के विकास हेतु 25 लाख रुपये तथा खेल मैदान के निर्माण के लिए 15 लाख रुपये स्वीकृत किए गए हैं। इसके अतिरिक्त सुन्नी में हिमाचल पथ परिवहन निगम (HRTC) का सब-डिपो खोलने पर भी विचार किया जा रहा है।
युवाओं को नशे की लत से दूर रखने और खेल संस्कृति को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विक्रमादित्य सिंह ने घोषणा की कि 25 अक्टूबर से शिमला ग्रामीण विधानसभा क्षेत्र में ‘खेलों का महाकुंभ’ आयोजित किया जा रहा है, जिसमें 5000 से अधिक युवा खिलाड़ी हिस्सा लेंगे। इस महाकुंभ में महिलाओं के लिए कबड्डी, बैडमिंटन, रस्साकस्सी और मॉडलिंग जैसी विशेष प्रतियोगिताएं रखी गई हैं। समापन अवसर पर स्कूली बच्चों व महिला मंडलों द्वारा सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दी गईं तथा मंत्री ने खेल प्रतियोगिताओं के विजेताओं को पुरस्कृत किया। कार्यक्रम में एसडीएम सुन्नी राजेश वर्मा, बीडीओ बसंतपुर नरेंद्र नेगी, देवला पंचायत प्रधान धनवंत शर्मा, मेला समिति अध्यक्ष भूपेंद्र वर्मा सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।