सिरमौर: 5 और 15 साल के बच्चों का आधार बायोमेट्रिक अपडेट नहीं कराया, तो हो जाएगा बेकार

अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी सिरमौर एल.आर. वर्मा, ने उपायुक्त कार्यालय के सभागार में जिला स्तरीय आधार निगरानी समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए कहा कि 0 से 5 वर्ष के बच्चों का आधार कार्ड बनवाना अति आवश्यक है। उन्होंने कहा कि 5 व 15 वर्ष की आयु पूर्ण कर चुके बच्चों का आधार बायोमैट्रिक अपडेट करवाना भी आवश्यक है अन्यथा उनका आधार कार्ड निष्क्रिय हो सकता है।

उन्होंने बताया कि 5 से 7 वर्ष तथा 15 से 17 वर्ष की आयु वर्ग का आधार एनरोलमेंट तथा आवश्यक बायोमैट्रिक अपडेट निशुल्क किया जाता है।

एल.आर.वर्मा ने आधार अपडेट की आवश्यकता को बताते हुए कहा कि विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं, प्रवेश प्रक्रियाओं व आवेदन के दौरान आधार की आवश्यकता रहती है। एनटीए, नीट, आईटी, यूपीएससी, सीयूईटी आदि में भी आवेदन करते समय आधार प्रमाणीकरण आवश्यक है यदि उम्मीदवार अपने आधार का आवश्यक बायोमेट्रिक अपडेट (एमबीयू) तथा मोबाइल नंबर अपडेट नहीं करते हैं तो प्रमाणीकरण विफल हो सकता है।

जिला के सभी उपमंडल अधिकारियों (ना0) ने वर्चुअल माध्यम से बैठक में भाग लिया। अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी ने उन्हें 18 वर्ष से उपर के व्यस्क निवासियों के नामांकन का सत्यापन 45 दिनों के भीतर प्राथमिकता आधार पर करने के लिए कहा।

उन्होंने शिक्षा विभाग को निर्देश देते हुए कहा कि स्कूलों में लगाए जाने वाले आधार शिविरों का समय-2 पर औचक निरीक्षण किया जाना चाहिए।

उन्होंने 0 से 05 वर्ष के बच्चों का आधार पंजीकरण को बढावा देने के लिए स्वास्थ्य विभाग को निर्देश दिए कि वह वैक्सीनेशन सेंटर पर इस आयु वर्ग के बच्चों का आधार पंजीकरण करवाएं जिसके लिए उन्हें अतिरिक्त आधार सेवा उपलब्ध करवाई जाएगी। उन्होंने जिला के वैक्सीनेशन सेंटर की सूची जिला प्रशासन को उपलब्ध करवाने के लिए कहा।

एल.आर.वर्मा ने कहा कि 10 वर्षों से एक स्थान पर रह रहे स्थाई निवासी को भी अपने आधार दस्तावेज अपडेट करवाने आवश्यक है ताकि उन्हें भविष्य में आधार संबंधी परेशानी ना हो। उन्होंने कहा कि किसी भी व्यक्ति की मृत्यु होने के उपरांत आधार को डी-एक्टिवेट अवश्य करवाएं ताकि उस आधार का किसी भी प्रकार से गलत इस्तेमाल न हो सके।

अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी ने निगरानी समिति को निर्देश दिए कि समय-समय पर आधार केंद्रों का औचक निरीक्षण करें तथा लोगों को आधार संबंधित आने वाली परेशानियों का समाधान करें।

उन्होंने बताया कि दिव्यांग व बीमार जो चलने फिरने में असमर्थ है ऐसे लोगों के लिए उनके घर-द्वार पर ही आधार दलों द्वारा आधार कार्ड बनाने व अपडेट करने की सुविधा प्रदान की जाती है।

बैठक में यूआईडीएआई से आए सहायक प्रबंधक अभिषेक कुमार ने यूडीआईएसई पोर्टल पर उपलब्ध अनिवार्य बायोमेट्रिक अपडेट, आधार पंजीकरण अथवा अपडेट के अमान्य होने संबंधी सभी आवश्यक बदलावों व निर्देशों पर विस्तृत जानकारी दी।

अभिषेक कुमार ने बताया कि चाइल्ड केयर सेंटर में रह रहे 18 वर्ष तक के बच्चों तथा आश्रय गृह में रह रहे 18 वर्ष से ऊपर के जरूरतमंद, दिव्यांग व्यक्तियों के आधार नामांकन को सरल बनाने के लिए एसओपी जारी की गई है जिसके अनुसार सीसीआई के अधीक्षक अथवा प्रभारी द्वारा प्रपत्र 18, आधार नामांकन फाॅर्म हस्ताक्षरित कर भरा जाएगा। आश्रय गृह के प्रमुख व विकलांगता संबंधी मामलों के लिए जिला सामाजिक कल्याण अधिकारी द्वारा हस्ताक्षरित प्रमाण पत्र को आधार नामांकन के लिए पहचान प्रमाण और पता प्रमाण दस्तावेज के रूप में मान्य किया जाएगा।

बैठक में ई-जिला प्रबंधक शिखा शर्मा ने मदों को क्रमवार प्रस्तुत किया जिस पर समिति द्वारा विस्तृत चर्चा की गई तथा अतिरिक्त जिला दंडाधिकारी एल.आर.वर्मा द्वारा आवश्यक दिशा निर्देश भी दिए गए।

बैठक में पुलिस, शिक्षा, स्वास्थ्य, भारत संचार निगम, कल्याण विभाग, बाल विकास, सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

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पंकज जयसवाल

पंकज जयसवाल, हिल्स पोस्ट मीडिया में न्यूज़ रिपोर्टर के तौर पर खबरों को कवर करते हैं। उन्हें पत्रकारिता में करीब 2 वर्षों का अनुभव है। इससे पहले वह समाज सेवी संगठनों से जुड़े रहे हैं और हजारों युवाओं को कंप्यूटर की शिक्षा देने के साथ साथ रोजगार दिलवाने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा की है।