सोलन: राजकीय महाविद्यालय सोलन में सुपर सेपियन समिति के तत्वावधान में बिग बटरफ्लाई मंथ के मुख्य उत्सव का आयोजन बड़े ही उत्साह, उमंग और भव्यता के साथ किया गया। इस विशेष कार्यक्रम में महाविद्यालय की प्राचार्या डॉ. शिवानी शर्मा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहीं, जिनके साथ महाविद्यालय के अन्य गणमान्य अध्यापकगण भी मौजूद रहे।
इस वर्ष के उत्सव का मुख्य आकर्षण इसका थीम केलिडोस्कोप रहा, जिसका तात्पर्य रंग-बिरंगी और अनूठी आकृतियों से है। इसी आधार पर प्रकृति में पाई जाने वाली तितलियों की प्राकृतिक सुंदरता और उनकी कलात्मक रचना की सराहना की गई।

कार्यक्रम का शुभारंभ प्राचार्या डॉ. शिवानी शर्मा द्वारा दीप प्रज्वलन और सरस्वती वंदना के साथ किया गया। इसके बाद जीव विज्ञान की प्राध्यापिका डॉ. मंजू ठाकुर व अन्य शिक्षकों ने भी दीप प्रज्वलित कर माँ भवानी का आशीर्वाद लिया। इसके पश्चात विद्यार्थियों ने विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियां देकर अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया। उत्सव के दौरान साउथ इंडियन नृत्य, हरियाणवी नृत्य, नेपाली नृत्य, बॉलीवुड नृत्य और पंजाबी नृत्य के साथ-साथ कई विद्यार्थियों ने मनमोहक संगीत और कविताओं की प्रस्तुतियां भी दीं।
जीव विज्ञान की प्राध्यापिका डॉ. मंजू ठाकुर ने पूरे महीने की विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करते हुए बिग बटरफ्लाई मंथ के महत्व और तितलियों से जुड़े रोचक पहलुओं पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि केलिडोस्कोप विषय के तहत पूरे महीने जीव विज्ञान के विद्यार्थियों की टीमों ने सोलन के विभिन्न दर्शनीय स्थलों जैसे जटोली, नौणी विश्वविद्यालय, फॉरेस्ट रोड, चिल्ड्रन पार्क और जवाहर पार्क के दौरे किए।
इन क्षेत्रों में छात्रों ने तितलियों की विभिन्न प्रजातियों का आकलन किया, उनकी तस्वीरें लीं और जीव विज्ञान की गंभीरता व प्रकृति के तौर-तरीकों को जमीनी स्तर पर समझा। गत 21 सितंबर 2026 को विद्यार्थियों ने अपने इन आंकड़ों को कॉलेज के सम्मेलन कक्ष में प्रस्तुत किया था, जिसके तहत रिपोर्ट प्रदर्शन और फोटोग्राफी प्रतियोगिताएं आयोजित की गई थीं।
आज के मुख्य उत्सव में इन प्रतियोगिताओं के परिणामों की घोषणा की गई। रिपोर्ट प्रस्तुति प्रतियोगिता में टीम C जबकि फोटोग्राफी प्रतियोगिता में टीम B विजयी रही। इन विजयी टीमों के सभी विद्यार्थियों को बेस्ट ज़ूलॉजिस्ट इन द मेकिंग के प्रतिष्ठित पुरस्कार से सम्मानित किया गया। इसके अलावा, शिक्षकों ने भी विभिन्न कठिन शब्दों के उच्चारण, नृत्य और संगीत जैसी अपनी कला का प्रदर्शन कर कार्यक्रम में चार चांद लगा दिए।
सभा को संबोधित करते हुए प्राचार्या डॉ. शिवानी शर्मा ने विद्यार्थियों के प्रयासों की भूरी-भूूरी प्रशंसा की और उन्हें भविष्य की गतिविधियों के लिए प्रोत्साहित किया। कार्यक्रम के अंत में हिमाचल की शान पारंपरिक पहाड़ी नाटी पर सभी छात्र-छात्राएं झूम उठे और इसी हर्षोल्लास के साथ यह यादगार उत्सव संपन्न हुआ।