हिमाचल में रग्बी खेल की 100 से अधिक युवाओं को मिली ट्रेनिंग

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By Hills Post

मंडी: हिमाचल प्रदेश में रग्बी (Rugby) खेल को जमीनी स्तर पर पहचान दिलाने और मजबूत करने की दिशा में एक बड़ी और ऐतिहासिक पहल शुरू की गई है। रग्बी एसोसिएशन हिमाचल प्रदेश (RAHP) द्वारा एसजेवीएन (SJVN) के विशेष सहयोग से प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में निःशुल्क जिला स्तरीय रग्बी विकास शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। इन शिविरों के माध्यम से जहां अब तक 100 से अधिक युवा खिलाड़ियों को रग्बी का कड़ा बुनियादी प्रशिक्षण दिया जा चुका है, वहीं राज्य की आगामी अंडर-18 टीम के गठन के लिए ‘टैलेंट हंट’ (प्रतिभा खोज) अभियान भी तेज कर दिया गया है।

एसोसिएशन के अनुसार, राज्य के युवाओं में इस खेल को लेकर खासा उत्साह देखने को मिल रहा है। अब तक प्रदेश में दो बड़े कैंप सफलतापूर्वक संपन्न हो चुके हैं। दून पब्लिक स्कूल (Nalagarh) और मंडी में आयोजित शिविर में कुल 105 खिलाड़ियों को बेसिक कॉन्टैक्ट रग्बी का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया, जिसमें विशेष बात यह रही कि 25 लड़कियों और 80 लड़कों ने मैदान पर अपना दमखम दिखाया।

इस अभियान का मुख्य उद्देश्य रग्बी को शहरों से निकालकर हिमाचल के गांव-गांव और सरकारी स्कूलों के स्तर तक पहुंचाना है। खिलाड़ियों के साथ-साथ स्कूलों के पीटीआई (PTI), खेल अध्यापकों और स्थानीय शारीरिक शिक्षकों को भी रग्बी के अंतरराष्ट्रीय नियमों व रेफरी पद्धतियों की बारीक जानकारियां दी जा रही हैं।

मंडी में आयोजित प्रशिक्षण शिविर के दौरान नाचन विधानसभा क्षेत्र के विधायक विनोद कुमार ने विशेष रूप से मैदान का दौरा किया। उन्होंने खिलाड़ियों से रूबरू होकर जिला रग्बी एसोसिएशन मंडी के इस अभिनव प्रयास की जमकर सराहना की।

विधायक ने कहा कि वर्तमान दौर में जब ‘चिट्टे’ और अन्य खतरनाक नशों का जाल देवभूमि के युवाओं को बर्बाद कर रहा है, ऐसे समय में रग्बी जैसे ऊर्जावान खेल युवाओं को शारीरिक व मानसिक रूप से सकारात्मक दिशा देने का सबसे प्रभावी माध्यम बन सकते हैं। उन्होंने एसोसिएशन को अपनी ओर से हरसंभव बजटीय और ढांचागत सहयोग देने का पूरा भरोसा दिलाया।

रग्बी एसोसिएशन हिमाचल प्रदेश के महासचिव विशाल सारिन ने बताया कि राज्य के युवाओं की सुविधा के लिए ये सभी कैंप पूरी तरह से निःशुल्क हैं। उन्होंने आगामी चयन प्रक्रिया और शिविरों का शेड्यूल साझा किया और बताया कि 15-16 जून तक कुल्लू जिले के निरमंड में लगेगा शिविर। 16-17 जून तक जिला बिलासपुर में कैंप का आयोजन होगा। इसके उपरांत राजधानी शिमला में अंतिम जिला स्तरीय शिविर सजेगा।

महासचिव ने बताया कि प्रत्येक जिला स्तरीय कैंप से बेहतरीन प्रदर्शन करने वाले लगभग 8 प्रतिभावान लड़के और लड़कियों को शॉर्टलिस्ट (चयनित) किया जा रहा है। इन सभी छंटनी किए गए खिलाड़ियों को आगामी 21 जून को शिमला में आयोजित होने वाले अंतिम चयन परीक्षण में भाग लेने का अवसर मिलेगा।

इसी फाइनल ट्रायल के आधार पर हिमाचल प्रदेश की आधिकारिक अंडर-18 रग्बी टीम का ऐलान किया जाएगा। चयनित टीम के खिलाड़ी जुलाई के प्रथम और द्वितीय सप्ताह में हैदराबाद (तेलंगाना) में आयोजित होने वाली राष्ट्रीय रग्बी चैम्पियनशिप में देवभूमि का प्रतिनिधित्व करने के लिए रवाना होंगे।

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