नाहन : चाढ़ना क्षेत्र में शिक्षा की अलख जगाने वाले प्रसिद्ध शिक्षाविद और समाजसेवी कामरेड बलराज भालूनी (50) का अचानक निधन हो गया। परिजनों के अनुसार, उन्हें बुखार आया था, जिसके बाद अचानक उनका स्वास्थ्य बिगड़ गया और उनका देहांत हो गया। उनके आकस्मिक निधन की खबर से पूरे क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।
कामरेड बलराज भालूनी पिछले 20 वर्षों से चाढ़ना क्षेत्र में एक निजी विद्यालय का संचालन कर रहे थे। उन्होंने शिक्षा को कभी व्यवसाय नहीं माना, बल्कि इसे समाज सेवा का पावन माध्यम बनाया। विद्यालय में अध्ययनरत आधे से अधिक जरूरतमंद बच्चों को निःशुल्क शिक्षा देकर उन्होंने सैकड़ों परिवारों के भविष्य को संवारा। इसके साथ ही, वे नियमित रक्तदान और सामाजिक कार्यों में अग्रणी रहकर इंसानियत की मिसाल पेश करते थे।

उनके निधन पर स्कूल प्रवक्ता संघ जिला सिरमौर ने गहरा दुख व्यक्त किया है। संघ की सक्रिय सदस्या मैना भालूनी के पति कामरेड बलराज के चले जाने को संघ ने शिक्षा और समाज के लिए एक अपूरणीय क्षति बताया है।
प्रवक्ता संघ के पदाधिकारियों ने कहा कि बलराज का जाना केवल एक शिक्षक का जाना नहीं, बल्कि क्षेत्र में शिक्षा और इंसानियत की रोशनी देने वाले एक दिए का बुझ जाना है। संघ ने दिवंगत आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की और शोकाकुल परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए इस कठिन घड़ी में साथ खड़े रहने का भरोसा दिलाया।