नाहन : ऐतिहासिक शहर नाहन के प्रसिद्ध रानीताल उद्यान में रियासतकालीन, यानी राजा के ज़माने का एक विशालकाय और ऐतिहासिक पेड़ अचानक धराशायी हो गया। गनीमत यह रही कि जिस वक्त यह भारी-भरकम पेड़ गिरा, उस समय आसपास कोई मौजूद नहीं था। इस वजह से एक बड़ा हादसा होने से टल गया और किसी भी प्रकार की जनहानि नहीं हुई।
हालांकि, पेड़ के गिरने से रानीताल गार्डन और उसके आसपास के रिहायशी इलाकों की मुख्य बिजली की तारें पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गईं। भारी शाखाओं की चपेट में आने से पूरे क्षेत्र की बिजली आपूर्ति ठप्प हो गई और आसपास का इलाका अंधेरे में डूब गया, जिससे कुछ देर के लिए स्थानीय लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ा।

घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन तुरंत हरकत में आया और मौके पर राहत कार्य शुरू कर दिया गया। स्थिति को संभालने के लिए बिजली विभाग की टेक्निकल टीम, नगर परिषद नाहन की टीम और पुलिस के जवान तुरंत मौके पर पहुँच गए। सड़क और बिजली की तारों पर फंसी पेड़ की शाखाओं को काटने और हटाने का काम युद्ध स्तर पर शुरू किया गया।
इस दौरान स्थानीय पार्षद संजय चौहान भी मौके पर मौजूद रहे और प्रशासनिक टीमों के साथ मिलकर राहत कार्य में सहयोग करते नज़र आए। उन्होंने स्थिति का जायजा लेते हुए बताया कि पेड़ काफी पुराना और विशाल था, लेकिन राहत की बात यही रही कि कोई हताहत नहीं हुआ। उन्होंने आश्वस्त किया कि सफाई का काम तेज़ी से चल रहा है और रात 9 बजे तक पूरे क्षेत्र की बिजली व्यवस्था को पूरी तरह बहाल कर दिया जाएगा।